राकेश टिकैत ने 14 सितंबर 2026 को ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के बाहर किसानों की महापंचायत की कमान संभाली ली है. उन्होंने टेंट लगाकर डेरा डालने का ऐलान कर दिया है. जब भी देश में इस तरह के आंदोलन होते हैं तो भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत का नाम सबसे आगे आता है. पिछले कुछ सालों में देश के अलग-अलग किसान मोर्चों पर आगे रहकर उन्होंने राजनीति से लेकर सोशल मीडिया तक खूब सुर्खियां बटोरी हैं. ऐसे में आम लोगों के मन में यह सवाल अक्सर आता है कि किसानों के हक की लड़ाई लड़ने वाले इस नेता के पास अपनी खुद की कितनी जमीन और जायदाद है.
मीडिया रिपोर्ट्स और अलग-अलग दावों में उनकी कुल प्रॉपर्टी को लेकर आए दिन नए-नए आंकड़े सामने आते रहते हैं. ऐसे में आम जनता के मन में सवाल आता है कि उनके पास असल में कितनी प्रॉपर्टी है. सोशल मीडिया पर आए दिन इस बात को लेकर बहस छिड़ जाती है कि टिकैत परिवार के पास कितने बीघा खेत हैं और उनका कारोबार कहां-कहां फैला हुआ है. चलिए आपको बताते हैं इस बारे में पूरी जानकारी.
कितने बीघा जमीने के मालिक राकेश टिकैत?
जब बात राकेश टिकैत के पास मौजूद कुल बीघा जमीन और खेतों की आती है. तो मीडिया रिपोर्ट्स में कई तरह के कयास लगाए जाते हैं. रिपोर्ट्स के हिसाब से उनके पैतृक गांव सिसौली में शुरुआती समय में पूरे परिवार के पास सिर्फ 5 बीघा के आसपास जमीन हुआ करती थी. यह शुरुआती दौर की बात है जब परिवार की आर्थिक स्थिति एकदम सामान्य थी.
हालांकि वक्त के साथ खेती का दायरा बढ़ा और कई रिपोर्ट्स में यह दावा किया गया कि अब अकेले उनके अपने गांव सिसौली में ही करीब 110 बीघा जमीन मौजूद है. इसके अलावा सोशल मीडिया पर कई बार मज़ाक में या बढ़ा-चढ़ाकर यह भी कह दिया जाता है कि उनके पास हजारों बीघा जमीन है. पर इन आंकड़ों का सच क्या है इसका पुख्ता तौर पर कोई सबूत नहीं है.

कितने करोड़ की संपत्ति?
मीडिया रिपोर्ट्स पर वायरल होने वाली जानकारियों में यह बड़ा दावा किया जाता है कि राकेश टिकैत सिर्फ एक साधारण किसान जैसी जिंदगी नहीं जीते हैं. रिपोर्ट्स के मुताबिक उनके पास कई बड़े शहरों में कमर्शियल प्रॉपर्टी, पेट्रोल पंप और बड़े शोरूम जैसी बिजनेस चीजें भी हैं. इन तमाम व्यापारिक और व्यावसायिक गतिविधियों के चलते उनकी मार्केट में एक अलग ही छवि बनकर सामने आती है.
कुछ न्यूज रिपोर्ट्स में तो उनकी कुल संपत्ति का आंकलन लगभग 80 करोड़ रुपये या उससे भी ज्यादा बताया गया है. इन रिपोर्ट्स के मुताबिक उनका यह कारोबार सिर्फ यूपी में ही नहीं है. बल्कि देश के करीब 13 बड़े शहरों तक फैला हुआ है. जब भी कोई बड़ा आंदोलन शुरू होता है. तो विरोधी इन आंकड़ों को सोशल मीडिया पर शेयर करके लगातार सवाल उठाते रहते हैं.

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राकेश टिकैत का इन चर्चाओं पर क्या कहना है?
जब पत्रकारों ने सीधे तौर पर राकेश टिकैत से उनकी इन करोड़ों की संपत्तियों और बिजनेस को लेकर सवाल पूछे तो उन्होंने कभी खुल इन बातों का विरोध नहीं और न ही इन बातों को स्वीकारा. राकेश टिकैत ने सोशल मीडिया पर मजाकिया अंदाज में इन रिपोर्ट्स का जवाब देते हुए कहा था कि मीडिया ने तो उनकी संपत्ति बहुत कम आंकी है. उन्होंने एक वीडियो में यह भी कह दिया था कि मीडिया को इसे और बढ़ा-चढ़ाकर दिखाना चाहिए जिससे असली आंकड़े सामने आ सकें.
उन्होंने यह तक कह दिया था कि उन्हें खुद नहीं पता कि उनके पास कितने हजार करोड़ की संपत्ति है. टिकैत का यह भी कहना था कि उनकी असली संपत्ति का हिसाब लगाने के लिए सरकार को कई सारे पटवारी, सीए और बड़ी जांच एजेंसियों को मैदान में उतारना पड़ेगा. तभी जाकर दूध का दूध और पानी का पानी हो पाएगा कि उनके पास असल में क्या है.
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