Agriculture

बालकनी में सब्जियां उगाने वालों की 5 सबसे बड़ी गलतियां

N
ABP News
October 5, 2026•3 min read
बालकनी में सब्जियां उगाने वालों की 5 सबसे बड़ी गलतियां

शहरों में महंगी सब्जी और हेल्दी सब्जियों की कमी के बीच बालकनी गार्डनिंग घर में ताजी और सुरक्षित सब्जियां उगाने का आसान तरीका बन रही है. वहीं कई लोगों को घर में ही सब्जियां उगाना पसंद होता है. ऐसे में आजकल लोग घर पर ही टमाटर, मिर्च, धनिया, पालक, मेथी और बैंगन जैसी सब्जियां उगाने की कोशिश कर रहे हैं. अगर आप पौधों की सही देखभाल करते हैं, तो आपको सही समय पर हेल्दी सब्जियां मिल सकती है.

हालांकि बालकनी गार्डनिंग करते हुए लोग अक्सर कुछ ऐसी सामान्य गलतियां कर देते हैं, जो आपके पौधों की गुणवत्ता को नुकसान पहुंचाती है. इस वजह से पौधें में लगने वाली सब्जियां भी प्रभावित हो जाती है. इन सामान्य गलतियों को नजरअंदाज कर के आप घर पर ही ताजा सब्जियां पा सकते हैं. आइए जानते हैं उन गलतियों के बारे में.

जरूरत से ज्यादा पानी देना

बालकनी गार्डनिंग में सबसे आम गलती पौधों को बार-बार पानी देना है. कई लोगों को लगता है कि ज्यादा पानी देने से पौधे तेजी से बढ़ेंगे, जबकि ऐसा नहीं होता. लगातार गीली मिट्टी से जड़ों को पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं मिलती और फंगल संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है. जिससे जड़े सड़ने लगती है. पानी देने से पहले मिट्टी की ऊपरी परत को उंगली से जांचना बेहतर होता है. अगर मिट्टी हल्की सूखी महसूस हो, तभी पानी देना बेहतर होता है. वहीं गमले में ड्रेनेज होल होना भी बेहद जरूरी है, ताकि अतिरिक्त पानी बाहर निकल सके.

छोटे गमले में बड़ा पौधा लगाना

हर सब्जी की जड़ों को फैलने के लिए अलग-अलग जगह की जरूरत होती है. टमाटर, बैंगन और मिर्च जैसे पौधों को बहुत छोटे गमले में लगाने से उनकी ग्रोथ प्रभावित हो सकती है. वहीं पालक और धनिया जैसी पत्तेदार सब्जियों के लिए कम गहराई वाला कंटेनर भी पर्याप्त होते हैं. ऐसे में हमेशा गमला चुनते समय पौधे के अंतिम आकार और उसकी जड़ों की जरूरत को ध्यान में रखना चाहिए.

यह भी पढ़ें: कौन सी नस्ल की भैंस देती है ज्यादा दूध, इससे कितनी कमाई?

धूप की जरूरत को नजरअंदाज करना

केवल बालकनी में पौधे रखना ही काफी नहीं होता. सब्जियों के अच्छे विकास के लिए पर्याप्त धूप जरूरी है. फल और सब्जियां देने वाले अधिकांश पौधों को रोजाना कई घंटे सीधी धूप की आवश्यकता होती है. अगर पौधे की पत्तियां पीली पड़ रही हैं, तना कमजोर और लंबा हो रहा है या फूल नहीं आ रहे हैं, तो कम रोशनी इसका एक कारण हो सकती है. इसलिए गमलों को बालकनी के सबसे रोशन हिस्से में रखना चाहिए.

मिट्टी को बिना बदले इस्तेमाल करते रहना

गमले की मिट्टी में पौधे लगातार पोषक तत्व लेते रहते हैं. लंबे समय तक उसी मिट्टी में खेती करने से उसकी उर्वरता कम होने लगती है. ऐसे में उन्हें सिर्फ पानी देना पर्याप्त नहीं होता. समय-समय पर मिट्टी में वर्मी कम्पोस्ट, अच्छी तरह सड़ी जैविक खाद या अन्य जैविक पोषक तत्व मिलाना बेहतर होता है. इससे मिट्टी की संरचना और पोषण दोनों बेहतर होते हैं.

कीटों और रोगों को नजरअंदाज करना

बालकनी में लगे पौधों पर भी माहू, सफेद मक्खी, मिलीबग और अन्य कीट हमला कर देते हैं. कई लोग समस्या बढ़ने के बाद ध्यान देते हैं. से में पौधों की नियमित जांच से शुरुआत में ही कीटों की पहचान कर उन्हें बचाना सही होता है. पत्तियों की निचली सतह, नई कोंपलों और तने को नियमित रूप से देखें. शुरुआती स्तर पर प्रभावित पत्तियों को हटाना और उचित जैविक उपाय अपनाना काफी मददगार होता है.

यह भी पढ़ें: रबी फसल पर सूखे का खतरा, बुवाई से पहले ये काम करें किसान

Topics & Tags:#Agriculture
बालकनी में सब्जियां उगाने वालों की 5 सबसे बड़ी गलतियां | Kisan Reporter